एशियन गेम्स 2026: खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने कसी कमर, 700+ खिलाड़ियों के लिए ‘फुल सपोर्ट’ का वादा।
केंद्रीय युवा कार्यक्रम और खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने आज भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) के मुख्यालय में एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जापान के आइची-नागोया में आयोजित होने वाले एशियन गेम्स 2026 (19 सितंबर – 4 अक्टूबर) के लिए भारत की तैयारियों को अंतिम रूप देना और ब्लूप्रिंट तैयार करना है।
खबर के मुख्य बिंदु:
खिलाड़ी पहली प्राथमिकता: डॉ. मांडविया ने स्पष्ट किया कि खिलाड़ियों को ट्रेनिंग, स्पोर्ट्स साइंस, मेडिकल और बेहतर भोजन की हर संभव सुविधा दी जाएगी। उन्होंने कहा, “हमारा लक्ष्य है कि खिलाड़ियों को किसी भी कीमत पर परेशानी न हो और वे पदक तालिका बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित कर सकें।”
700+ खिलाड़ियों का दल: जापान में होने वाले इन खेलों में भारत के 700 से अधिक खिलाड़ियों के 40 से ज्यादा खेलों में हिस्सा लेने की उम्मीद है।
होंगझोऊ का रिकॉर्ड तोड़ने का लक्ष्य: भारत का लक्ष्य 2022 के एशियन गेम्स के 106 पदकों के ऐतिहासिक रिकॉर्ड को पीछे छोड़ना है।
तैयारियों के लिए विशेष कदम:
कंटेनर आवास का अनुभव: जापान में खिलाड़ी एक विलेज के बजाय अलग-अलग क्लस्टर्स में रहेंगे, जहाँ उन्हें ‘कंटेनर-स्टाइल’ रूम में रुकना पड़ सकता है। इसकी आदत डालने के लिए पटियाला और बेंगलुरु के SAI केंद्रों में विशेष कंटेनर यूनिट्स लगाई जाएंगी।
एडवांस्ड टेक्निकल टीम: हर खेल महासंघ (NSF) में एक ‘नोडल ऑफिसर’ नियुक्त किया गया है, जो खिलाड़ियों को खेलों की बारीकियों और नियमों (Technical Handbook) के बारे में शिक्षित करेगा।
खान-पान और किट: खिलाड़ियों को भारतीय भोजन उपलब्ध कराने के लिए विशेष रसोइया (Culinary staff) और समय पर किट उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाएगा।
समिति की अगली बैठक:
एशियन गेम्स की तैयारियों के लिए बनी 15 सदस्यीय समिति (जिसमें पीटी उषा और शरत कमल जैसे दिग्गज शामिल हैं) अब 20 मार्च को अगली बैठक करेगी। इसमें खिलाड़ियों की अंतिम संख्या और यात्रा की व्यवस्थाओं पर फैसला लिया जाएगा।




















